You are here
Home > व्रत कथा (Page 2)

श्री रविवार व्रत कथा, व्रत विधि व आरती

 ||श्री रविवार (इतवार) व्रत कथा|| रविवार व्रतविधि: विधि: सर्व मनोकामनाओं की पूर्ति हेतु रविवार का व्रत श्रेष्ठ है। इस व्रत की विधि इस प्रकार है। प्रातः काल स्नानादि से निवृत्त हो स्वच्छ वस्त्र धारण करें। शांतचित्त होकर परमात्मा का स्मरण करें। भोजन एक समय से अधिक नहीं करना चाहिए। भोजन तथा फलाहार

पूर्णिमा व्रत कथा

पूर्णिमा व्रत उत्तरी भारत में जिस दिन पुरा चाँद होता है उसे पूर्णिमा कहते हैं और दक्षिणी भारत में जिस दिन पूरा चाँद होता है उसे पूर्णामी कहते हैं। दक्षिणी भारत में इस दिन का उपवास पूर्णामी व्रतम के नाम से जाना जाता है।  अथ पूर्णमासी व्रत कथा   द्वापर युग में एक समय

सन्तान सप्तमी व्रत कथा

SANTAN SAPTAMI VRAT KATHA : सन्तान सप्तमी व्रत कथा in Hindi संतान सप्तमी व्रत भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष कि सप्तमी तिथि के दिन किया जाता है. यह व्रत विशेष रुप से संतान प्राप्ति, संतान रक्षा और संतान की उन्नति के लिये किया जाता है. इस व्रत में भगवान शिव एवं माता

श्री सत्य नारायण व्रत कथा

SHRI SATYANARAYAN VRAT KATHA : श्री सत्य नारायण व्रत कथा IN HINDI पहला अध्याय  श्रीव्यास जी ने कहा – एक समय नैमिषारण्य तीर्थ में शौनक आदि सभी ऋषियों तथा मुनियों ने पुराणशास्त्र के वेत्ता श्रीसूत जी महाराज से पूछा – महामुने! किस व्रत अथवा तपस्या से मनोवांछित फल प्राप्त होता है, उसे

Top

This site is protected by wp-copyrightpro.com